संवाद सहयोगी, सुंदरनगर : हिमाचल राजकीय अध्यापक संघ मंडी की बैठक जिला
प्रधान अश्वनी गुलेरिया की अध्यक्षता में सुंदरनगर में हुई। इसमें शिक्षकों
की वेतनवृद्धि रोकने के फैसले को वापस न लेने की सूरत में शिक्षा विभाग के
खिलाफ आंदोलन करने का एलान किया।
संघ ने धरना-प्रदर्शन और भूख हड़ताल पर
जाने की चेतावनी दी है। बैठक में शिक्षा विभाग द्वारा सत्र 2017-18 में
अध्यापकों की वेतनवृद्धि, जिनका परीक्षा परिणाम 25 फीसद से कम रहा है, के
रोकने का विरोध किया गया। जिला प्रधान ने कहा कि बिना अध्यापक को पूर्व
सूचित किए व उसकी बात सुने वेतनवृद्धि रोकना दुखद निर्णय है। 25 फीसद से कम
परीक्षा परिणाम आने पर शिक्षक ही क्यों दोषी करार दिए जाते हैं। इसके और
भी कई कारण हो सकते हैं। विद्यार्थियों को आठवीं तक फेल न करना, अध्यापकों
को गैर शैक्षणिक गतिविधियों में शामिल रखना, चुनावी ड्यूटी इत्यादि कई
गतिविधियों में शामिल रहने के कारण पढ़ाई का माहौल नहीं बन पाता है।
अध्यापक एक लिपिक बनकर रह गया है। बैठक में जिला महासचिव तिलक नायक, वित्त
सचिव राजकुमार, मुख्य सलाहकार, मंशा राम सहित विभिन्न खंडों के प्रधान,
सचिव, कोषाध्यक्ष उपस्थित रहे।