हिमाचल विश्वविद्यालय 1990 के बाद स्नातक, स्नातकोत्तर और शास्त्री की
डिग्री पाने वाले हजारों विद्यार्थियों को श्रेणी सुधार का गोल्डन चांस दे
रहा है। इसके लिए पांच हजार रुपये फीस के साथ परीक्षा के लिए आवेदन किया जा
सकेगा।
एचपीयू कार्यकारी परिषद की मंगलवार को बैठक में यह फैसला लिया गया। छात्रों
को रोजगार के अवसर देने के लिए विवि के कॅरिअर काउंसलिंग गाइडेंस एवं
प्लेसमेंट सेल को मजबूत बनाने के प्रस्ताव को भी मंजूरी दे दी गई है।
अंक सुधार का मौका मिलने से पदोन्नति के साथ नेट, जेआरएफ, शिक्षक भर्ती, बैंकिंग और अन्य सरकारी नौकरी पाने के लिए आवश्यक न्यूनतम अंक की पात्रता शर्त पूरी हो सकेगी। लंबे समय से इसकी मांग की जा रही थी। स्नातक व स्नातकोत्तर के अलावा शास्त्री कर चुके विद्यार्थी भी इसका लाभ उठा सकेंगे।
विश्वविद्यालय इसकी अलग से परीक्षा लेगा। इसमें एक प्लेसमेंट अधिकारी, दो कनिष्ठ सहायकों की भर्ती करने को मंजूरी दी है। यूनिवर्सिटी साइंस इंस्ट्रूमेंट सेंटर और यूनिवर्सिटी साइंस वर्कशॉप को समायोजित कर यूनिवर्सिटी साइंस इंस्ट्रूमेंट सेंटर के रूप में चलाने का फैसला भी लिया है।
अंक सुधार का मौका मिलने से पदोन्नति के साथ नेट, जेआरएफ, शिक्षक भर्ती, बैंकिंग और अन्य सरकारी नौकरी पाने के लिए आवश्यक न्यूनतम अंक की पात्रता शर्त पूरी हो सकेगी। लंबे समय से इसकी मांग की जा रही थी। स्नातक व स्नातकोत्तर के अलावा शास्त्री कर चुके विद्यार्थी भी इसका लाभ उठा सकेंगे।
विश्वविद्यालय इसकी अलग से परीक्षा लेगा। इसमें एक प्लेसमेंट अधिकारी, दो कनिष्ठ सहायकों की भर्ती करने को मंजूरी दी है। यूनिवर्सिटी साइंस इंस्ट्रूमेंट सेंटर और यूनिवर्सिटी साइंस वर्कशॉप को समायोजित कर यूनिवर्सिटी साइंस इंस्ट्रूमेंट सेंटर के रूप में चलाने का फैसला भी लिया है।