शिमला। हिमाचल प्रदेश सरकार ने शिक्षा विभाग में कार्यरत कर्मचारियों और शिक्षकों के लिए मासिक मानदेय (honorarium/salary) को फिक्स करने वाला बड़ा फैसला जारी किया है। वित्त विभाग की मंजूरी के बाद यह नीति अब सरकारी कर्मचारियों को नियमित और पारदर्शी भुगतान सुनिश्चित करेगी — जिससे शिक्षा विभाग में स्थिरता और कर्मचारी संतुष्टि दोनों बढ़ेंगे। himachal2day.blogspot.com
🔔 क्या है निर्णय?
राज्य सरकार ने साफ़ किया है कि अब शिक्षा विभाग के अंतर्गत कार्यरत विभिन्न श्रेणियों के मानदेय को पूर्व निर्धारित रकम पर फिक्स किया जाएगा। इससे:
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अलग-अलग भुगतान आदेशों की आवश्यकता समाप्त होगी
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भुगतान में पारदर्शिता और समयबद्धता आएगी
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वित्तीय अनुशासन मजबूत होगा
👩🏫 किसे मिलेगा लाभ?
यह निर्णय खासकर उन शिक्षकों और कर्मचारियों के लिए राहत भरा माना जा रहा है जो मानदेय/अस्थायी नियुक्ति पर कार्यरत हैं। इससे उन्हें नियमित और सुनिश्चित मासिक आय मिलेगी। himachal2day.blogspot.com
💰 वित्त विभाग की सख्ती
वित्त विभाग ने स्पष्ट किया है कि:
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तय मानदेय से अधिक कोई भुगतान बिना अनुमति व बजट स्वीकृति के नहीं किया जाएगा
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खर्चों पर कड़ाई से नियंत्रण रखा जाएगा
यह नीति संगठनात्मक वित्तीय अनुशासन को मजबूत करने में भी मदद करेगी। himachal2day.blogspot.com
📈 शिक्षा क्षेत्र को मजबूती
विशेषज्ञ मानते हैं कि मानदेय फिक्स होने से:
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शिक्षक और कर्मचारियों में मनोबल बढ़ेगा
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शिक्षा प्रणाली में स्थिरता और गुणवत्ता आएगी
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स्कूलों में संचालन अधिक सुचारू रूप से होगा
यह कदम शिक्षा क्षेत्र को स्थाई और भरोसेमंद बनाने के राज्य की कोशिशों का हिस्सा है। himachal2day.blogspot.com