शिमला। हिमाचल प्रदेश सरकार ने स्कूल मैनेजमेंट कमेटी (SMC) के तहत लंबे समय से सेवाएं दे रहे शिक्षकों को बड़ी राहत देते हुए उन्हें जॉब-ट्रेनी (Job Trainee) के रूप में नियुक्त करने का निर्णय लिया है। इस फैसले से प्रदेश के 1,427 SMC शिक्षकों को सीधा लाभ मिलेगा। राज्य की शिक्षा से जुड़ी ऐसी ही अहम और ताज़ा खबरें लगातार Himachal 2 Day पर प्रकाशित की जा रही हैं।
किन पदों के शिक्षक होंगे शामिल
सरकारी निर्णय के अनुसार SMC के तहत कार्यरत विभिन्न संवर्ग के शिक्षकों को इस योजना में शामिल किया जाएगा, जिनमें—
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जेबीटी (JBT)
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टीजीटी (कला, नॉन-मेडिकल, मेडिकल)
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शास्त्री
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ड्राइंग मास्टर
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भाषा शिक्षक
इन सभी शिक्षकों को पहले दो वर्षों के लिए जॉब-ट्रेनी के रूप में सेवाएं देनी होंगी।
जॉब-ट्रेनी शिक्षकों का वेतनमान तय
वित्त विभाग की मंजूरी के बाद जॉब-ट्रेनी शिक्षकों का मासिक मानदेय इस प्रकार निर्धारित किया गया है—
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जेबीटी जॉब-ट्रेनी: ₹18,000 प्रति माह
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टीजीटी (कला / नॉन-मेडिकल / मेडिकल): ₹23,000 प्रति माह
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ड्राइंग मास्टर: ₹21,500 प्रति माह
टीजीटी (हिंदी और संस्कृत) के वेतन को लेकर अलग से आदेश जारी किए जाएंगे। हिमाचल शिक्षा विभाग से जुड़े ऐसे सभी अपडेट आप Himachal 2 Day पर नियमित रूप से पढ़ सकते हैं।
नियमित नियुक्ति का रास्ता होगा साफ
सरकार के अनुसार दो वर्ष का जॉब-ट्रेनी कार्यकाल पूरा करने के बाद, निर्धारित नियमों के तहत परीक्षा और मेरिट के आधार पर नियमित नियुक्ति की प्रक्रिया अपनाई जाएगी। इसके लिए एलडीआर (LDR) माध्यम से चयन किया जाएगा।
शिक्षा व्यवस्था को मिलेगा फायदा
इस फैसले से—
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अनुभवी शिक्षकों की सेवाएं बनी रहेंगी
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स्कूलों में शिक्षकों की कमी कम होगी
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विद्यार्थियों की पढ़ाई और शिक्षण गुणवत्ता में सुधार आएगा
सरकार का मानना है कि यह कदम प्रदेश की शिक्षा व्यवस्था को मजबूती देगा।
शिक्षकों में उत्साह
लंबे समय से नियमितीकरण की मांग कर रहे SMC शिक्षकों में इस निर्णय को लेकर खुशी है। उनका कहना है कि अब उन्हें सेवा सुरक्षा और निश्चित वेतन का भरोसा मिला है।