हिमाचल प्रदेश सरकार ने शिक्षा विभाग में लंबे समय से खाली पड़े 800 से अधिक पदों पर स्थायी नियुक्तियाँ करने की तैयारी कर ली है। इस संबंध में विभागीय पदोन्नति समिति (डीपीसी) की बैठक आयोजित की गई, जिसमें नियुक्ति प्रक्रिया को आगे बढ़ाने पर सहमति बनी।
सरकारी स्कूलों में विशेष रूप से प्रधानाचार्य और अन्य वरिष्ठ पदों पर रिक्तियों के कारण शैक्षणिक व्यवस्था प्रभावित हो रही थी। अब सरकार ने निर्णय लिया है कि इन पदों पर प्लेसमेंट के बजाय स्थायी आधार पर नियुक्तियाँ की जाएंगी, जिससे प्रशासनिक स्थिरता सुनिश्चित हो सके।
जानकारी के अनुसार, उच्च न्यायालय के निर्देशों के बाद यह प्रक्रिया कुछ समय से लंबित थी। अब सभी आवश्यक औपचारिकताओं और दस्तावेजों की जांच पूरी कर एक साथ नियुक्ति आदेश जारी करने की योजना है। इससे दो वर्षों से रुकी पदोन्नति प्रक्रिया को भी गति मिलेगी।
शिक्षा विभाग के अधिकारियों का मानना है कि इन नियुक्तियों से न केवल स्कूलों में नेतृत्व मजबूत होगा, बल्कि शिक्षण गुणवत्ता और प्रशासनिक कार्यप्रणाली में भी सुधार आएगा। सरकार के इस कदम से शिक्षकों में संतोष और भरोसा बढ़ने की उम्मीद है।
यह फैसला राज्य के शिक्षा तंत्र को सुदृढ़ बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।