जागरण संवाददाता, बिलासपुर : शिमला, मंडी व सोलन जिले में शारीरिक
शिक्षकों की भर्ती के मामले में अनियमितता बरतने पर प्रदेश प्रशासनिक
ट्रिब्यूनल ने कड़ा संज्ञान लिया है। न्यायालय ने प्रदेश सरकार को 45 दिन के
भीतर बेरोजगार शारीरिक शिक्षकों को नियुक्ति देने का आदेश दिया है। हक में
फैसला आने पर न्यायालय की शरण में गए करीब सात सौ बेरोजगार शारीरिक
शिक्षकों में खुशी का माहौल है।
चम्बा: सरकार
ने अध्यापक वर्ग को अगर 2003 की नई पैंशन पॉलिसी से बाहर निकालकर पुरानी
पॉलिसी के दायरे में नहीं लाया तो यह वर्ग अपने भविष्य को सुरक्षित बनाने
के लिए उग्र आंदोलन करने के लिए बाध्य होगा।