शिमला: जिला में तैनात शिक्षा उपनिदेशकों और डाइट प्रधानाचार्यों को अब महीने में 2 बार स्कूलों का स्वयं निरीक्षण करना होगा तथा महीने के अंत में इसकी रिपोर्ट प्रारंभिक निदेशालय को देनी होगी। इसके साथ ही उपनिदेशकों को स्कूलों में नियमित निरीक्षण करने के लिए टीमें बनानी होंगी जो स्कूलों में औचक निरीक्षण करके शिक्षकों की अनुपस्थिति पर नजर रखें और बच्चों का लर्निंग लेवल भी चैक करें।