शिक्षा बोर्ड ने बीते साल की गलती से शायद अभी तक सबक नहीं लिया है। तभी तो
नियमों को ताक पर रखकर बोर्ड परीक्षाओं की उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन
हो रहा है।
इससे मूल्यांकन प्रणाली पर सवाल उठ रहे हैं।
वीरवार को दोपहर ढाई बजे मूल्यांकन करने वाले अधिकतर अध्यापक मौके से गायब
मिले। केंद्र के प्रभारी बलवीर चंदेल ने माना कि मूल्यांकन का समय सुबह दस
बजे से सायं पांच बजे और दोपहर के भोजन का समय एक बजे से डेढ़ बजे तक है।
केंद्र में कुल 70 अध्यापकों की ड्यूटी लगी है। वीरवार को कुल 59 टीचर
मूल्यांकन कर रहे थे। उन्होंने माना कि मौके पर करीब तीन दर्जन अध्यापक ही
मौजूद हैं। बलवीर ने बताया कि शेष अध्यापक भोजन करने गए हैं। लेकिन शाम
साढ़े तीन बजे तक वह अध्यापक स्कूल नहीं लौटे।