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हद है! 5 साल में एक भी टीचर नहीं दे पाया 90 फीसदी रिजल्ट

हिमाचल के सरकारी स्कूलों में बीते पांच साल में दसवीं और जमा दो कक्षा में विज्ञान, गणित और अंग्रेजी विषय में एक भी शिक्षक 90 फीसदी परीक्षा परिणाम नहीं दे सका है। बोर्ड कक्षाओं के लगातार खराब नतीजे शिक्षकों को नौकरी में सेवा विस्तार लेने के आड़े आ गए हैं।
मुख्यमंत्री शिक्षक सम्मान योजना की शर्तें शिक्षकों पर भारी पड़ रही हैं। 90 फीसदी परिणाम देने वाले शिक्षकों से निदेशालय ने सेवा विस्तार प्राप्त करने के लिए 30 जून तक आवेदन मांगे हैं। 22 जून तक प्रदेश से किसी भी शिक्षक ने सेवा विस्तार लेने को अप्लाई नहीं किया है।

बोर्ड कक्षाओं में 90 फीसदी से अधिक परिणाम देने वाले शिक्षकों को सेवा विस्तार देने के लिए सरकार ने मुख्यमंत्री शिक्षक सम्मान योजना शुरू की है। योजना में साल 2012-13 से 2016-17 तक बेहतर परिणाम देने वाले शिक्षकों से आवेदन मांगे हैं।

दसवीं और जमा में विज्ञान, गणित और अंग्रेजी विषय पढ़ाने वाले शिक्षकों सहित हैडमास्टरों और प्रिंसिपलों को सेवा विस्तार दिया जाना है। शिक्षकों की सेवाओं को सराहने के लिए सरकार ने यह फैसला लिया है, लेकिन अभी तक किसी भी शिक्षक ने योजना का लाभ उठाने को आवेदन नहीं किया है।

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